अजीत अगरकर की अगुआई वाली पुरुष चयन समिति की बैठक शनिवार को मुंबई में होगी। इस दौरान सबसे ज्यादा नजर इस बात पर रहेगी कि क्या सूर्यकुमार यादव भारतीय टी20 टीम के कप्तान बने रहेंगे? या टीम प्रबंधन अब नए कप्तान के साथ जाने का मन बना चुका है। आइए जानते हैं टीम चयन को लेकर समिति के सामने क्या चुनौतियां हैं…
नई दिल्ली। भारत और अफगानिस्तान के बीच एकमात्र टेस्ट की शुरुआत छह जून यानी शनिवार से होने जा रही है, लेकिन सभी की नजरें आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे के लिए भारतीय टी20 टीम के एलान पर टिकी हुई हैं। ईएसपीएनक्रिकइंफो की रिपोर्ट के अनुसार, अजीत अगरकर की अगुआई वाली चयन समिति की बैठक शनिवार को मुंबई में होगी जिसमें आयरलैंड के खिलाफ दो मैचों की टी20 सीरीज और इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज के अलावा सितंबर में जापान में होने वाले एशियाई खेलों के लिए भारतीय टीम का चयन किया जा सकता है।
वेस्टइंडीज के खिलाफ सीरीज को लेकर भी चर्चा चल रही है, ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि चयनकर्ता एशियाई खेलों के लिए नियमित टी20 टीम चुनते हैं या नहीं। इंग्लैंड दौरे के लिए टीम चुनते वक्त आईपीएल 2026 में बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों पर भी नजरें होंगी। आने वाला समय भारतीय टी20 टीम के लिए काफी महत्वपूर्ण है क्योंकि ऐसी अटकलें हैं कि टीम अब सूर्यकुमार यादव के दौर से बाहर निकल सकती है।
आइए जानते हैं कि जब चयन समिति आने वाले दौरे के लिए टी20 टीम का चयन करेगी तो उनके सामने क्या चुनौतियां होंगी…
क्या सूर्यकुमार बने रहेंगे कप्तान?
- चयन समिति की जब बैठक होगी तो सबसे बड़ा सवाल यही होगा कि क्या सूर्यकुमार टी20 टीम के कप्तान बने रहेंगे।
- सूर्यकुमार की कप्तानी में ही इस साल भारत टी20 विश्व कप के खिताब का बचाव करने में सफल रहा था, लेकिन इस साल सूर्यकुमार का फॉर्म चिंता का विषय बना हुआ है।
- आईपीएल 2026 में उन्होंने 13 पारियों में 20.76 की औसत और 147.54 के स्ट्राइक रेट से मात्र 270 रन बनाए। यह आंकड़े सूर्यकुमार की क्षमता से मेल नहीं खा रहे थे।
- टी20 विश्व कप में भी सूर्यकुमार संघर्ष करते नजर आ रहे थे। उन्होंने नौ पारियों में 136.72 के स्ट्राइक रेट से 242 रन बनाए।
- उनका सबसे अच्छा प्रदर्शन अमेरिका के खिलाफ भारत के पहले मुकाबले में आया जहां उन्हें 84 रनों की नाबाद पारी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच भी चुना गया।
- सितंबर में सूर्यकुमार 36 वर्ष के हो जाएंगे, अगला वैश्विक टूर्नामेंट लॉस एंजिलिस ओलंपिक 2028 होगा जिसके बारे में सूर्यकुमार ने कहा था कि वह खेलना चाहते हैं।
- क्या चयनकर्ता विशेषकर आने वाली कुछ सीरीज के लिए युवा कप्तान पर विचार करेंगे? या वह सूर्यकुमार के अनुभव को देखते हुए उन्हें बतौर खिलाड़ी दल में जगह देंगे? ये ऐसे सवाल हैं जिसके जवाब चयन समिति की बैठक में ही मिल सकेंगे।
श्रेयस अय्यर – फोटो : BCCI
श्रेयस को मिल सकती है बड़ी जिम्मेदारी
श्रेयस अय्यर पिछले कुछ समय से नियमित रूप से भारतीय टी20 टीम का हिस्सा नहीं है। उन्हें टी20 विश्व कप से पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के लिए टीम में जगह मिली थी, लेकिन वह प्लेइंग-11 का हिस्सा नहीं थे। अब ऐसी चर्चा है कि श्रेयस सूर्यकुमार की जगह लेने के सबसे बड़े दावेदार हैं। श्रेयस ने आईपीएल में अपनी कप्तानी का लोहा मनवाया भी है। उन्होंने अपनी कप्तानी में 2024 में कोलकाता नाइट राइडर्स को खिताब दिलाया और 2025 में पंजाब किंग्स को फाइनल तक पहुंचाया। भारत का अगला टी20 कप्तान बनने की दौड़ में श्रेयस स्पष्ट तौर पर सबसे आगे हैं, लेकिन उनके सामने सबसे पहली चुनौती तो भारतीय दल में जगह बनाने की है जो वह विश्व कप में नहीं बना पाए थे।
पाटीदार को चुने जाने की कितनी संभावना
अपनी कप्तानी में लगातार दो बार रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) को आईपीएल का खिताब दिलाने वाले रजत पाटीदार भी भारतीय टी20 टीम में जगह बनाने का अपना दावा ठोक चुके हैं। पाटीदार के सामने भी श्रेयस जैसी ही चुनौती है। उन्होंने दोनों सीजन में बतौर कप्तान और बतौर बल्लेबाज बढ़िया प्रदर्शन किया। हालांकि चूंकि श्रेयस और पाटीदार दोनों ही मध्य क्रम में एक ही जगह के दावेदार हैं, ऐसे में टीम में दोनों में से किसी एक को ही जगह मिल सकती है।
वैभव सूर्यवंशी – फोटो : ANI
वैभव को मिलेगा डेब्यू का मौका?
जिस तरह 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी ने पूरे आईपीएल सीजन में गेंदबाजी आक्रमण को ध्वस्त किया और विभिन्न मैच परिस्थितियों में उन्होंने जिस तरह का खेल दिखाया, उससे चयनकर्ताओं को भरोसा हो गया है कि उन्हें टी20 में मौका दिया जाना चाहिए। अगर कोई सवाल है तो इस बात को लेकर है कि उन्हें प्लेइंग इलेवन में किस तरह फिट किया जाए क्योंकि मार्च में भारत के टी20 विश्व कप अभियान के दौरान अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन और ईशान किशन ने शीर्ष क्रम में अहम भूमिका निभाई थी। इसका संभावित समाधान यह हो सकता है कि ओपनर्स को रोटेट किया जाए और सूर्यवंशी को बड़े मंच पर अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका दिया जाए। चयन समिति की बैठक में वैभव को लेकर बड़ा फैसला होने की उम्मीद है।
हार्दिक पांड्या का क्या होगा
पीठ की चोट ने हार्दिक पांड्या के लिए एक और भूला देने योग्य आईपीएल सीजन को और मुश्किल बना दिया। वह बतौर कप्तान और बतौर ऑलराउंडर, दोनों ही तरह से प्रभाव छोड़ने में नाकाम रहे। मुंबई इंडियंस ने 2024 के सीजन से पहले वापस उन्हें अपने साथ जोड़ा था और कप्तान नियुक्त किया था। हालांकि वह वैश्विक टूर्नामेंट में भारत के लिए महत्वपूर्ण प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों में से एक बने हुए हैं लेकिन अतीत में उन्हें चोट ने भी काफी परेशान किया है।
हार्दिक अफगानिस्तान के खिलाफ चयनित वनडे दल का हिस्सा हैं और इस दौरान चयनकर्ता उनकी ऑलराउंड क्षमताओं परखेंगे। इसके साथ ही वे यह भी देखना चाहेंगे कि हार्दिक जरूरत पड़ने पर अपने कोटा के पूरे 10 ओवर डाल पाते हैं या नहीं। 2027 के वनडे विश्व कप के लिए सर्वश्रेष्ठ 15 चुनने के लिए उनका ध्यान इसी पर केंद्रित होगा। चयनकर्ता इंग्लैंड दौरे के शुरुआत से टी20 में ऑलराउंडर की भूमिका अदा करने के लिए नीतीश कुमार रेड्डी और शिवम दुबे की जोड़ी पर भरोसा जता सकते हैं।