रायपुर। राजधानी रायपुर व प्रदेश में स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों के बीच अब कोरोना ने भी दस्तक दे दी है। 20 दिनों के भीतर शहर में कुल चार कोरोना संक्रमित मरीज सामने आ चुके हैं। राहत की बात यह है कि इनमें से तीन मरीज समय पर उचित उपचार मिलने के कारण पूरी तरह से स्वस्थ हो चुके हैं और अपने घर सुरक्षित लौट आए हैं। हालांकि, संक्रमण का खतरा पूरी तरह टला नहीं है, जिसकी पुष्टि बुधवार को शहर के एक निजी अस्पताल में सामने आए नए मामले से हुई है।
बुधवार को रायपुर के निजी अस्पताल में कोरोना संक्रमण के एक नए मामले की पुष्टि हुई है। इस नए संक्रमित मरीज की उम्र 70 वर्ष है। इस आयु वर्ग के लोगों को संक्रमण का गंभीर खतरा अधिक होता है, जिसके चलते उनका इलाज वर्तमान में विशेष देखरेख और विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में निजी अस्पताल में किया जा रहा है। चिकित्सा दल उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और हर संभव चिकित्सीय सहायता प्रदान की जा रही है।

स्वास्थ्य विभाग ने बढ़ाई निगरानी

हाल ही में सामने आए इन नए मामलों को गंभीरता से लेते हुए छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य विभाग ने अपनी निगरानी प्रणाली को और अधिक सुदृढ़ कर दिया है। विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि भले ही वर्तमान में कुल मामलों की संख्या सीमित है, लेकिन किसी भी संभावित खतरे से बचने के लिए एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं। विशेष रूप से बुजुर्गों, बच्चों और पहले से किसी गंभीर बीमारी से पीड़ित अन्य संवेदनशील लोगों को भीड़भाड़ वाले इलाकों में अतिरिक्त सावधानी बरतने की सख्त सलाह दी गई है।

लक्षण दिखने पर तुरंत जांच कराने की अपील

चिकित्सा विशेषज्ञों और स्वास्थ्य विभाग के जानकारों का सुझाव है कि यदि किसी भी नागरिक में सर्दी, जुकाम, खांसी, तेज बुखार या सांस लेने में किसी भी प्रकार की कठिनाई जैसे लक्षण महसूस होते हैं, तो उन्हें बिना किसी देरी के तुरंत अपनी कोरोना जांच करवानी चाहिए। समय पर की गई जांच और उचित उपचार से संक्रमण के प्रसार को प्रभावी ढंग से रोका जा सकता है। रायपुर में मिले कुल चार मरीजों में से तीन के स्वस्थ होने और एक के उपचाराधीन होने से यह स्पष्ट होता है कि सतर्कता और समय पर इलाज ही इस संक्रमण से बचाव का सबसे बड़ा सुरक्षा कवच है।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *